
शहीदों की याद में विश्राम घाट पर दीपदान कर दी श्रद्धांजलि
मथुरा। अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि आंदोलन वर्ष 1990 में 2 नवंबर को अयोध्या में हुए गोली कांड में कीर्तन
करते हुए शहीद उन रामभक्तों की पुण्य स्मृति में राम भक्तों ने यमुना के विश्राम घाट दीप दान कर श्रद्धांजलि अर्पित। जानकारी देते हुए विजय बहादुर सिंह ने बताया राम जन्मभूमि आन्दोलन के मध्य 2 नवम्बर 1990 का काला दिन किस सनातनी हिन्दू को स्मरण नहीं होगा। उस समय
जब रामजन्म भूमि मुक्ति की मांग कर रहे थे लेकिन तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की ने राम भक्तों को गोलियों से छलनी करवा कर राम भक्तों के मौत के घाट उतार दिया था। वहीं उन्होंने बताया
स्वतंत्र भारत में 1967 में संसद के समक्ष गौभक्त साधु-संतों पर हुये गोली काण्ड के बाद यह दूसरी ऐसी घटना थी जिसने सम्पूर्ण विश्व को दहला दिया था। उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा इस बर्बर गोलीकाण्ड के पाप को छिपाने के लिये सैंकड़ों कारसेवकों व साधुओं के शव को सरयू नदी में बहा दिया था। वहीं पूर्व पार्षद रामदास ने बताया
इस घटना की 34 वीं बरसी पर हिन्दूवादी संगठनों के कार्यकर्ताओं ने सैकड़ों श्रद्धालुओं के साथ मथुरा के प्रसिद्ध विश्राम घाट पर सामूहिक रूप से दीपदान कर श्रद्धांजलि अर्पित की है।
इस अवसर पर श्रीकृष्ण सेना के अध्यक्ष विजय बहादुर सिंह, संस्कृत भारती के आचार्य ब्रजेन्द्र नागर, विश्व कल्याण परिषद से डॉ. रमन टण्डन, तीर्थ पुरोहित महासंघ से प्रयागनाथ चतुर्वेदी, पूर्व पार्षद व भाजपा नेता योगेश उपाध्याय ‘आबा’ व रामदास चतुर्वेदी एवं सिख समाज से भाजपा नेता सरदार राजेन्द्र सिंह होरा भोले चतुर्वेदी की उपस्थिति थे








