
गऊघाट में संध्या आरती व श्रद्धांजलि कार्यक्रम में उमड़ा जनसैलाब, शहीद कारसेवकों को भावपूर्ण नमन

मथुरा। गऊघाट कंस किला यमुना किनारा पर शनिवार को श्री यमुना आरती सेवा मंडल द्वारा आयोजित संध्या आरती एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम में भक्तों की उल्लेखनीय भीड़ उमड़ी। शौर्य दिवस के अवसर पर माँ यमुना की संध्या आरती के पश्चात अखिल भारत हिंदू महासभा तथा श्री वामन भगवान महोत्सव समिति के पदाधिकारियों सहित विशाल जनसमूह ने शहीद कारसेवकों को प्रणामपूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित की।अखिल भारत हिंदू महासभा के प्रदेश उपाध्यक्ष पंडित संजय हरियाणा ने कहा गऊघाट केवल आराधना का स्थल नहीं, बल्कि राष्ट्रभाव, आत्मबल और सनातन संस्कृति की जीवंत धारा है। यहाँ दिया गया प्रत्येक दीपक हमारे भीतर कर्तव्य, त्याग और देशसेवा का संकल्प जगाता है। शहीद कारसेवक कोई नाम या इतिहास की पंक्ति नहीं, बल्कि हमारे राष्ट्रीय अस्तित्व के प्रहरी हैं, जिन्होंने रामकाज में अपने प्राणों का अर्पण कर अमरत्व प्राप्त किया। उनका बलिदान हमें यह संदेश देता है कि राष्ट्रधर्म सर्वोपरि है और समाज तभी प्रगतिशील हो सकता है, जब वह अपने नायकों को याद रखे और उनके पदचिन्हों पर चले।
उन्होंने आगे कहा कि समाज के हर व्यक्ति का दायित्व है कि वह धर्म, राष्ट्र और संस्कृति की रक्षा हेतु सचेत रहे तथा आने वाली पीढ़ियों में उसी उत्साह का संचार करे जो कभी कारसेवकों में दिखाई देता था। गुड्डा पंडित ने कहा कि माँ यमुना की आरती में सम्मिलित होकर जो दिव्यता और ऊर्जा प्राप्त होती है, वही शक्ति हमें समाज के लिए सत्कर्मों की ओर प्रेरित करती है। उन्होंने कहा कि श्रद्धांजलि जैसे आयोजन नई पीढ़ी के सामने त्याग, शौर्य और राष्ट्रप्रेम के वास्तविक अर्थ खोलते हैं.एड.दीपक शर्मा ने कहा कि धार्मिक एवं सामाजिक कार्यक्रम समाज की एकजुटता, सद्भाव और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करते हैं। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से आग्रह किया कि वे बड़े सामाजिक-धार्मिक आयोजनों में निरंतर भाग लेकर सेवा कार्यों को और सशक्त करें।

इस अवसर पर गोपाल चतुर्वेदी नरेश शर्मा बब्बू श्याम शर्मा महेश वर्मा आशीष शर्मा गोपाल वर्मा अभिषेक शर्मा बोनामेहर अर्जुन पंडित मुकेश ठाकुर सागर यादव लबबू पंडित आदि मौजूद थे








